गहरे पानी पैठ

पारदर्शिता का आह्वाहन करता नैतिक ब्लॉग

124 Posts

283 comments

Reader Blogs are not moderated, Jagran is not responsible for the views, opinions and content posted by the readers.
blogid : 19172 postid : 1113193

तेरे सन्दर्भों की खुशबू............

Posted On: 5 Nov, 2015 Others,कविता,Hindi Sahitya में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

जब जब-
आती है
तेरी स्वांसों को -
स्पर्श करती ,
तेरे सन्दर्भों की- खुशबू ,
आती है
प्रकाश की एक काया
अपने आलोक में
मुझे भरने ,
कुछ कहती
कुछ बतियाती ,
पिछले जन्मों को
अगले जन्म से मिलाती,
कहती……
इस धरा पर
ऐसे ही गुजारा है
हमनें
अनर्कों वार ,
अपना यह जीवन
अपना यौवन ,
अपना बचपन I

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading ... Loading ...

0 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments


topic of the week



latest from jagran